नई दिल्ली, 14 फरवरी || केंद्रीय रेल एवं इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने शनिवार को बताया कि साउथ ब्लॉक में हुई अपनी अंतिम बैठक में केंद्रीय कैबिनेट ने 1,60,504 करोड़ रुपये की परियोजनाओं को मंजूरी दी और इसके बाद अपने कामकाज को सेवा तीर्थ परिसर में स्थानांतरित करने का प्रस्ताव पारित किया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को 'सेवा तीर्थ' नामक नए परिसर का अनावरण किया, जिसमें प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ), राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद सचिवालय (एनएससीएस) और कैबिनेट सचिवालय स्थित हैं।
साउथ ब्लॉक में हुए अपने अंतिम सत्र में कैबिनेट ने रेलवे, राष्ट्रीय राजमार्ग, मेट्रो विस्तार, शहरी सुधार और स्टार्टअप फंडिंग से संबंधित कई महत्वपूर्ण निर्णयों को मंजूरी दी।
शहरी विकास के दृष्टिकोण में एक महत्वपूर्ण बदलाव लाते हुए, सरकार ने 1 लाख करोड़ रुपये की केंद्रीय सहायता से अर्बन चैलेंज फंड (यूसीएफ) के शुभारंभ को मंजूरी दी। केंद्र सरकार परियोजना की 25 प्रतिशत लागत की सहायता करेगी, बशर्ते परियोजना की न्यूनतम 50 प्रतिशत लागत बाजार से जुटाई जाए।
कैबिनेट ने दिल्ली, हरियाणा, महाराष्ट्र और कर्नाटक के 12 जिलों को कवर करने वाली तीन मल्टी-ट्रैकिंग परियोजनाओं को मंजूरी दी, जिनकी कुल लागत 18,509 करोड़ रुपये है। इससे भारतीय रेलवे के मौजूदा नेटवर्क में लगभग 389 किलोमीटर की वृद्धि होगी।